मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने भिवाड़ी में किया राजस्थान के पहले सेमीकंडक्टर क्लस्टर का उदघाटन, भिवाड़ी बनेगा नया इलेक्ट्रॉनिक्स हब, राजस्थान में सेमीकंडक्टर उद्योग को मिलेगी रफ्तार

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Business@ncrkhabar.com-Bhiwadi/Jaipur. राजस्थान के मुख्यमंत्री Bhajan Lal Sharma ने गुरुवार को भिवाड़ी में प्रदेश के पहले सेमीकंडक्टर क्लस्टर का उदघाटन करते हुए कहा कि राजस्थान निवेश और औद्योगिक विकास के नए दौर में प्रवेश कर चुका है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने पिछले दो वर्षों में 35 नई नीतियां लागू कर उद्योगों के लिए अनुकूल माहौल तैयार किया है, जिससे राजस्थान विकसित भारत-विकसित राजस्थान 2047 के लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ रहा है।मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री निवास से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए भिवाड़ी में एल्सीना इलेक्ट्रॉनिक्स कॉम्प्लेक्स, 34 एमएलडी एसटीपी तथा खैरथल-तिजारा जिले की विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास एवं लोकार्पण किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश को औद्योगिक और ऊर्जा क्षेत्र में अग्रणी बनाने के लिए लगातार कार्य कर रही है। पवन और सौर ऊर्जा सहित अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में तेजी से विस्तार किया जा रहा है।

RRTS और यमुना जल समझौते पर तेजी से काम

मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली-एनसीआर से राजस्थान की कनेक्टिविटी मजबूत करने के लिए रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (RRTS) परियोजना पर तेजी से काम चल रहा है। साथ ही यमुना जल समझौते के क्रियान्वयन को भी गति दी गई है। उन्होंने बताया कि अलवर के निकट बांदीकुई में बड़े औद्योगिक क्षेत्र की स्थापना की योजना भी बनाई जा रही है, जिससे निवेश और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। उन्होंने ग्रामीण विकास योजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि विकसित ग्राम-वार्ड अभियान के तहत गांवों की आवश्यकताओं और सांस्कृतिक विरासत को ध्यान में रखते हुए विकास का ब्लूप्रिंट तैयार किया जा रहा है। पंचायत स्तर पर अटल ज्ञान केंद्र खोले जाने की भी घोषणा की गई है।

भारत में इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग 13 लाख करोड़ तक पहुंची” – अश्विनी वैष्णव

केंद्रीय रेल एवं इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री Ashwini Vaishnaw ने कहा कि भारत आज सेमीकंडक्टर इंडस्ट्री में तेजी से आगे बढ़ रहा है और देश में अब 12 सेमीकंडक्टर प्लांट स्थापित हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि पिछले 12 वर्षों में भारत की इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग छह गुना बढ़कर 13 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। उन्होंने कहा कि मोबाइल फोन अब भारत से निर्यात होने वाली सबसे बड़ी कमोडिटी बन चुका है। इलेक्ट्रॉनिक्स कम्पोनेंट मैन्युफैक्चरिंग स्कीम के तहत 75 प्रोजेक्ट स्वीकृत किए गए हैं। भिवाड़ी इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर में लगभग 1200 करोड़ रुपये का निवेश होगा, जिससे करीब 2500 लोगों को रोजगार मिलेगा। यहां प्रतिवर्ष 6 करोड़ चिप्स का उत्पादन किया जाएगा। रेल मंत्री ने बताया कि अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत राजस्थान में 85 रेलवे स्टेशनों का पुनर्विकास किया जा रहा है, जिनमें अलवर रेलवे स्टेशन भी शामिल है।

भिवाड़ी को बनाएंगे इलेक्ट्रॉनिक्स और मैन्युफैक्चरिंग हब” – भूपेंद्र यादव

केंद्रीय वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री Bhupender Yadav ने कहा कि भिवाड़ी को देश के प्रमुख मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में विकसित करने का संकल्प लिया गया है। उन्होंने बताया कि 61 करोड़ रुपये की लागत से 34 एमएलडी सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट का लोकार्पण किया गया है, जबकि 52 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली ट्रीटेड वाटर लाइन परियोजना का शिलान्यास भी हुआ है। उन्होंने कहा कि इससे भिवाड़ी की जलभराव समस्या के स्थायी समाधान में मदद मिलेगी। साथ ही ऑटोमोबाइल सेक्टर के साथ सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग को भी तेजी से बढ़ावा दिया जाएगा।

इन जनप्रतिनिधियों की रही मौजूदगी

कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा, नगरीय विकास राज्यमंत्री झाबर सिंह खर्रा, वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री संजय शर्मा, तिजारा विधायक महंत बालकनाथ, जिला प्रमुख बलबीर सिंह छिल्लर, जिला कलेक्टर अतुल प्रकाश, एसपी बृजेश उपाध्याय, उत्तर पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक अमिताभ, डीआरएम रवि जैन सहित अनेक जनप्रतिनिधि, उद्योग प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में आमजन मौजूद रहे।

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